तकनीक से तेज होगा जनसमस्याओं का समाधान, डिप्टी सीएम ने निगम के एकीकृत नियंत्रण केंद्र की सराहना

गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने गुरुवार को नगर निगम मुख्यालय पहुंचकर नगर निगम के एकीकृत कमांड एवं नियंत्रण केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शहर में आधुनिक तकनीक के माध्यम से संचालित की जा रही विभिन्न व्यवस्थाओं का विस्तार से अवलोकन किया और नगर निगम द्वारा जनहित में किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग समय की आवश्यकता है। गाजियाबाद नगर निगम का एकीकृत नियंत्रण केंद्र नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में सराहनीय पहल है। नगर निगम मुख्यालय पहुंचने पर महापौर सुनीता दयाल तथा नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उप मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इसके बाद दोनों अधिकारियों ने उन्हें नगर निगम द्वारा संचालित विभिन्न डिजिटल व्यवस्थाओं और नागरिक सेवाओं की विस्तृत जानकारी दी। निरीक्षण के दौरान उप मुख्यमंत्री को एकीकृत यातायात प्रबंधन प्रणाली, वाहन ट्रैकिंग एवं निगरानी प्रणाली तथा नगर निगम के एकीकृत नियंत्रण केंद्र की कार्यप्रणाली से अवगत कराया गया। बड़ी स्क्रीन के माध्यम से शहर के प्रमुख चौराहों और सड़कों की यातायात व्यवस्था का सीधा अवलोकन कराया गया। अधिकारियों ने बताया कि आधुनिक कैमरों और डिजिटल निगरानी प्रणाली के माध्यम से यातायात की लगातार निगरानी की जाती है, जिससे जाम की स्थिति पर तत्काल कार्रवाई संभव हो पाती है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने उप मुख्यमंत्री को बताया कि नगर निगम द्वारा घर-घर से कूड़ा एकत्र करने वाले वाहनों की गतिविधियों पर भी इसी नियंत्रण केंद्र से लगातार नजर रखी जाती है। वाहन ट्रैकिंग एवं निगरानी प्रणाली के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जाता है कि प्रत्येक वाहन निर्धारित समय पर अपने क्षेत्र में पहुंचकर कूड़ा संग्रहण करे तथा संग्रहित कचरे को नियमानुसार प्रसंस्करण केंद्र तक पहुंचाया जाए। इससे सफाई व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ी है और कार्यों की नियमित निगरानी भी संभव हो रही है। निरीक्षण के दौरान उप मुख्यमंत्री ने नागरिक शिकायत निवारण व्यवस्था का भी अवलोकन किया। उन्हें बताया गया कि नगर निगम के कॉल सेंटर के माध्यम से शहरवासियों की शिकायतें दर्ज की जाती हैं और संबंधित विभागों तक तत्काल पहुंचाकर उनके समयबद्ध समाधान की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाती है। अधिकारियों ने बताया कि शिकायतों की लगातार निगरानी की जाती है, जिससे लोगों को कम समय में राहत मिल सके। उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि गाजियाबाद नगर निगम द्वारा तकनीक आधारित व्यवस्थाओं को अपनाकर जनसेवाओं को अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शहरवासियों की समस्याओं का त्वरित समाधान, यातायात व्यवस्था की निगरानी तथा घरों से निकलने वाले कूड़े के वैज्ञानिक निस्तारण तक की पूरी प्रक्रिया योजनाबद्ध तरीके से संचालित की जा रही है। यह व्यवस्था अन्य नगर निकायों के लिए भी प्रेरणादायी साबित हो सकती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि तकनीकी संसाधनों का अधिकतम उपयोग करते हुए नागरिकों को पारदर्शी, सरल और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि नियंत्रण केंद्र के माध्यम से प्राप्त प्रत्येक शिकायत का निर्धारित समय सीमा में निस्तारण हो, जिससे लोगों का विश्वास नगर निगम की सेवाओं पर और मजबूत हो। महापौर सुनीता दयाल ने कहा कि नगर निगम का लक्ष्य केवल सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाना ही नहीं, बल्कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से प्रत्येक नागरिक तक बेहतर सेवाएं पहुंचाना भी है। वहीं नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि नगर निगम लगातार डिजिटल प्रणाली को मजबूत कर रहा है, जिससे सफाई, यातायात, शिकायत निवारण और अन्य नागरिक सेवाओं की निगरानी एक ही मंच से प्रभावी ढंग से की जा सके। इस अवसर पर विधायक संजीव शर्मा, नगर निगम के पार्षदगण तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे। सभी ने उप मुख्यमंत्री को नगर निगम द्वारा संचालित जनहितकारी योजनाओं और तकनीक आधारित व्यवस्थाओं की जानकारी दी। निरीक्षण के अंत में उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने विश्वास व्यक्त किया कि आधुनिक तकनीक और प्रभावी निगरानी व्यवस्था के माध्यम से गाजियाबाद नगर निगम नागरिक सेवाओं की गुणवत्ता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा। उन्होंने कहा कि जब तकनीक और सुशासन साथ चलते हैं, तब विकास की गति तेज होती है और आम नागरिक को उसका सीधा लाभ मिलता है।



