आज सुबह 8 बजे से भारी वाहनों की नो-एंट्री, 12 अगस्त तक रहेगा सख्त ट्रैफिक प्लान वैकल्पिक मार्ग किए गए निर्धारित

गाजियाबाद। कांवड़ यात्रा को लेकर गाजियाबाद पुलिस और यातायात विभाग ने व्यापक ट्रैफिक प्रबंधन योजना लागू कर दी है। शिवभक्त कांवडिय़ों की सुरक्षा और निर्बाध यात्रा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बुधवार सुबह 8 बजे से जिले में भारी मालवाहक वाहनों का डायवर्जन लागू कर दिया जाएगा, जो 12 अगस्त तक प्रभावी रहेगा। इस अवधि में ट्रक, ट्रोला, कैंटर, डंपर, ट्रैक्टर-ट्रॉली सहित सभी भारी वाहनों का गाजियाबाद शहर और कांवड़ मार्गों पर प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का ही उपयोग करने की अपील की है। डीसीपी ट्रैफिक त्रिगुण बिसेन ने बताया कि हरिद्वार से जल लेकर लौटने वाले लाखों कांवडिय़ों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिले में विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है। प्रमुख डायवर्जन प्वाइंट्स पर यातायात पुलिस और नागरिक पुलिस के जवानों की 24 घंटे तैनाती रहेगी। सभी महत्वपूर्ण चौराहों और डायवर्जन स्थलों पर साइनेज बोर्ड लगाए गए हैं, जबकि सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन के माध्यम से पूरे यातायात की निगरानी की जाएगी। उन्होंने कहा कि कांवडिय़ों की संख्या और यातायात के दबाव को देखते हुए आवश्यकता पडऩे पर डायवर्जन व्यवस्था में तत्काल बदलाव भी किया जा सकेगा।
यातायात योजना के तहत दिल्ली की ओर से तुलसी निकेतन बॉर्डर, सीमापुरी बॉर्डर और आनंद विहार बॉर्डर से आने वाले भारी वाहनों का गाजियाबाद शहर में प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। हरिद्वार, अमरोहा, मुरादाबाद, लखनऊ और अन्य शहरों की ओर जाने वाले वाहन रोड संख्या-56 (चौधरी चरण सिंह मार्ग), गाजीपुर मंडी, एनएच-9, डासना इंटरसेक्शन, ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे और हापुड़ के सिंभावली से गंगा एक्सप्रेसवे अथवा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के माध्यम से अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। हापुड़ और बुलंदशहर की ओर से आने वाले भारी वाहनों को भी शहर में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। ऐसे वाहन डासना पुल, लालकुआं और आत्माराम स्टील तिराहे से सीधे शहर में प्रवेश करने के बजाय एनएच-9 का उपयोग करते हुए अपने गंतव्य तक जाएंगे। इसी प्रकार लोनी बॉर्डर से लोनी कस्बे की ओर भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके अलावा संतोष मेडिकल कट (सिद्धार्थ विहार) से मेरठ तिराहा, गौर ग्रीन कट, खोड़ा, कालापत्थर, सेक्टर-62, छिजारसी और कनावनी पुस्ता से एनएच-9 की ओर भी भारी वाहनों की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। गंगनहर पटरी कांवड़ मार्ग, पाइपलाइन मार्ग, मेरठ रोड और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर भी भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह बंद रहेगा। वहीं हापुड़-भोजपुर की ओर से आने वाले वाहनों को मोदीनगर और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की ओर नहीं जाने दिया जाएगा। सौर ऊर्जा मार्ग से साहिबाबाद अंडरपास होकर साहिबाबाद स्टेशन कट जीटी रोड की ओर भी भारी वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। यातायात विभाग ने यह भी बताया कि 5 अगस्त सुबह 8 बजे से दूसरे चरण का ट्रैफिक डायवर्जन लागू होगा। इसके अंतर्गत केवल भारी वाहन ही नहीं, बल्कि हल्के मालवाहक वाहन, कार, टेंपो और बसों की आवाजाही भी प्रभावित होगी। गंगनहर पटरी और पाइपलाइन मार्ग पर सभी प्रकार के वाहनों का आवागमन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। वहीं दूधेश्वरनाथ मंदिर की ओर जाने वाले कई मार्गों पर दोपहिया सहित सभी वाहनों का प्रवेश रोक दिया जाएगा। योजना के अनुसार सीमापुरी और तुलसी निकेतन की ओर से आने वाली बसों को शहर में प्रवेश नहीं मिलेगा, जबकि बुलंदशहर की ओर से आने वाली बसों का संचालन लालकुआं से किया जाएगा। यह व्यवस्था भी 12 अगस्त तक प्रभावी रहेगी। यातायात पुलिस ने बताया कि 7 अगस्त सुबह 8 बजे से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे (डीएमई) पर सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। इस अवधि में वाहन चालक ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे, दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे का उपयोग कर सकेंगे। एनएच-9 भी प्रमुख वैकल्पिक मार्ग के रूप में संचालित रहेगा।


