प्रधानमंत्री आवास योजना को गति, तय समय में हर पात्र परिवार को मिलेगा अपना आशियाना-जीडीए सचिव ने ईडब्ल्यूएस आवास परियोजनाओं की समीक्षा कर निजी विकासकर्ताओं को 30 सितंबर 2026 से पहले सभी लंबित कार्य पूरे करने के दिए सख्त निर्देश

गाजियाबाद। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के पात्र परिवारों को समय पर आवास उपलब्ध कराने की दिशा में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के ‘सभी के लिए किफायती आवास (एएचपी)Ó घटक के अंतर्गत स्वीकृत निजी विकासकर्ताओं एवं जीडीए की आवासीय परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा के लिए गुरुवार को जीडीए सचिव विवेक मिश्रा की अध्यक्षता में विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक में सभी निजी विकासकर्ताओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जहां प्रत्येक परियोजना की प्रगति का बिंदुवार मूल्यांकन करते हुए लंबित कार्यों को तय समयसीमा के भीतर पूरा करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए। समीक्षा बैठक में बताया गया कि निजी विकासकर्ताओं की कुल 11 स्वीकृत परियोजनाओं में से 5 परियोजनाएं पूरी तरह पूर्ण हो चुकी हैं, जबकि 3 परियोजनाओं के पूर्णता प्रमाण-पत्र (कम्प्लीशन सर्टिफिकेट) प्राप्त करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। सचिव ने शेष परियोजनाओं के निर्माण एवं विकास कार्यों को 30 सितंबर 2026 से पहले हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मिशन की समयसीमा का पूर्ण पालन किया जाए और किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि गाजियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा विकसित की जा रही 5 ईडब्ल्यूएस आवासीय परियोजनाओं के सभी भवनों का निर्माण कार्य पूरी तरह संपन्न हो चुका है। सचिव ने कहा कि अब प्राथमिकता पात्र लाभार्थियों तक इन आवासों का शीघ्र आवंटन और कब्जा सुनिश्चित करना है, ताकि प्रधानमंत्री आवास योजना का वास्तविक लाभ समय पर जरूरतमंद परिवारों तक पहुंच सके। सचिव ने निर्देश दिए कि जिन परियोजनाओं को पूर्णता प्रमाण-पत्र प्राप्त हो चुका है, उनमें पात्र आवंटियों के पट्टा विलेख (लीज डीड) तत्काल निष्पादित कर उन्हें शीघ्र कब्जा उपलब्ध कराया जाए। इसके साथ ही संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि किसी भी स्तर पर लंबित प्रशासनिक प्रक्रिया को तेजी से पूरा किया जाए, जिससे लाभार्थियों को अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े। बैठक में डूडा (जिला नगरीय विकास अभिकरण) स्तर पर लंबित एमआईएस एंट्री एवं अन्य प्रशासनिक औपचारिकताओं को भी प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए गए। सचिव ने कहा कि उपलब्ध शेष आवासों के लिए समयबद्ध योजना प्रकाशित कर पारदर्शी तरीके से उनका आवंटन सुनिश्चित किया जाए, ताकि कोई भी पात्र परिवार आवास के अधिकार से वंचित न रहे। इसके अलावा निजी विकासकर्ताओं को लाभार्थियों द्वारा जमा की गई धनराशि का अद्यतन विवरण उपलब्ध कराने तथा शेष देय राशि समय पर जमा कराकर पट्टा विलेख निष्पादन की प्रक्रिया को गति देने के भी निर्देश दिए गए। सचिव ने स्पष्ट किया कि विकासकर्ता परियोजनाओं की प्रगति, दस्तावेजी औपचारिकताओं और लाभार्थियों से जुड़े सभी मामलों में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखें। बैठक को संबोधित करते हुए सचिव ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत निर्मित प्रत्येक आवास का समयबद्ध आवंटन और पात्र लाभार्थियों को शीघ्र कब्जा उपलब्ध कराना शासन एवं गाजियाबाद विकास प्राधिकरण की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि योजना के प्रत्येक लक्ष्य की सतत निगरानी की जा रही है और सभी संबंधित एजेंसियों के समन्वय से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी पात्र परिवार अपने आवास से वंचित न रहे। समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों से स्पष्ट है कि जीडीए अब लंबित परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा कर हजारों जरूरतमंद परिवारों के अपने घर के सपने को जल्द साकार करने की दिशा में तेजी से कार्य कर रहा है।



