बर्बाद फसल ने किसानों की तोड़ी कमर, मुआवजे के लिए डीएम से लगाई गुहार…

धान की कटाई से पहले ही कुदरत के कहर ने छीनी किसानों की उम्मीदें, प्रदेश सचिव अब्दुल अजीम ने तत्काल सर्वे और आर्थिक सहायता की मांग उठाई…
संतकबीरनगर।
चक्रवाती तूफान, तेज आंधी और मूसलाधार बारिश से खेतों में खड़ी धान की फसल को हुए नुकसान ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। महीनों की मेहनत के बाद कटाई के करीब पहुंची फसल के बर्बाद होने से किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इस समस्या को लेकर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रदेश सचिव अब्दुल अजीम ने सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर प्रभावित किसानों को मुआवजा दिलाने की मांग की।
ज्ञापन में उन्होंने कहा कि किसानों ने महंगी खाद, बीज और सिंचाई के साथ दिन-रात मेहनत कर धान की फसल तैयार की थी। फसल अगले 8 से 10 दिनों में कटाई के लिए तैयार होने वाली थी, लेकिन अचानक आए तूफान और तेज बारिश ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। खेतों में खड़ी तैयार फसल गिरने से भारी नुकसान हुआ है।
अब्दुल अजीम ने जिलाधिकारी से मांग की कि प्रभावित गांवों में तत्काल राजस्व एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम भेजकर फसल क्षति का स्थलीय सर्वे कराया जाए। नुकसान का निष्पक्ष आकलन कराकर शासन के निर्धारित मानकों के अनुसार किसानों को जल्द मुआवजा उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने कहा कि किसान पहले ही खेती की बढ़ती लागत से परेशान हैं। ऐसे में तैयार फसल का बर्बाद होना उनके लिए बड़ा आर्थिक झटका है। प्रशासन को इस मामले में गंभीरता दिखाते हुए कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहकर प्रभावित किसानों को धरातल पर राहत दिलाने के लिए शीघ्र कदम उठाने चाहिए।



