केन्द्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने पर जन-जागरूकता अभियान का आगाज-21 जून तक चलेंगे सेवा, संस्कार, सुशासन और सम्मान आधारित कार्यक्रम, जनभागीदारी पर रहेगा विशेष जोर

गाजियाबाद। केन्द्र सरकार के सफल 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में जनपद में 5 जून से 21 जून 2026 तक आयोजित किए जा रहे जन कल्याण एवं जन जागरूकता अभियान का शुक्रवार को भव्य शुभारम्भ हुआ। अभियान के तहत विश्व पर्यावरण दिवस पर ‘एक पेड़ माँ के नाम’ कार्यक्रम के माध्यम से व्यापक वृक्षारोपण और पर्यावरण जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन एवं सामाजिक वानिकी प्रभाग के संयुक्त तत्वावधान में एमएमएच बालिका इंटर कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षकों और छात्राओं ने भाग लेकर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
शासन के निर्देशानुसार संचालित इस अभियान को ‘सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान’ की भावना के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। अभियान के दौरान सादगी, अनुशासन, ईंधन संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन तथा जनभागीदारी को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। इसी क्रम में विश्व पर्यावरण दिवस पर जनपद के विभिन्न विभागों द्वारा वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित कर लोगों को प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मॉंदड़ ने कहा कि वृक्ष केवल हरियाली बढ़ाने का माध्यम नहीं, बल्कि सम्पूर्ण मानव जीवन के आधार हैं। उन्होंने कहा कि पृथ्वी पर जीवन की निरंतरता और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में वृक्षों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। स्वच्छ वायु, प्राकृतिक संतुलन और स्वस्थ जीवन का आधार वृक्ष ही हैं। यदि वृक्षों की संख्या लगातार घटती रही तो मानव जीवन समेत समूचे जीव-जगत का अस्तित्व संकट में पड़ सकता है। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक वृक्ष अवश्य लगाना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि केवल पौधारोपण कर देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है। जब एक पौधे को परिवार के सदस्य की तरह सहेजकर बड़ा किया जाता है, तभी वह भविष्य में छाया, ऑक्सीजन, फल और स्वच्छ वातावरण प्रदान करता है। उन्होंने लोगों से पौधों को जीवित रखने की जिम्मेदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार मनुष्य में जीवन होता है, उसी प्रकार वृक्षों और पौधों में भी जीवन विद्यमान होता है। इसलिए प्रकृति और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाना समय की आवश्यकता है। जिलाधिकारी ने पर्यावरण संरक्षण को केवल सरकारी कार्यक्रम न मानकर जन-आंदोलन बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने जल संरक्षण, वृक्ष संरक्षण, प्लास्टिक के कम उपयोग और स्वच्छ एवं हरित वातावरण के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय की छात्राओं और शिक्षिकाओं ने पर्यावरण संरक्षण विषय पर कविताएं, भाषण और जागरूकता प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों को प्रेरित किया। छात्राओं ने अपने संदेशों के माध्यम से प्रकृति के महत्व को रेखांकित करते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी रक्षा करने का आह्वान किया। कार्यक्रम का वातावरण पर्यावरण संरक्षण के संदेशों से पूरी तरह सराबोर नजर आया। इस अवसर पर भाजपा महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल, मुख्य विकास अधिकारी कुमार सौरभ, एसडीएम अरुण दीक्षित सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने भी वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। वहीं गाजियाबाद सांसद अतुल गर्ग और मोदीनगर विधायक डॉ. मंजू शिवाच द्वारा जारी वीडियो संदेशों का भी प्रसारण किया गया, जिनमें नागरिकों से ‘एक पेड़ माँ के नामÓ अभियान से जुडऩे और पर्यावरण संरक्षण को जन-जन तक पहुंचाने की अपील की गई।


