कार्यकर्ताओं के दम पर सभी 11 एमएलसी सीटें जीतने का भाजपा का लक्ष्य-जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों के साथ चुनावी रणनीति पर मंथन

गाजियाबाद। विधान परिषद चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपनी संगठनात्मक तैयारियां तेज कर दी हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की स्नातक एवं शिक्षक विधान परिषद सीटों पर जीत की रणनीति बनाने के लिए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने सोमवार को संगठनात्मक बैठक कर जनप्रतिनिधियों और पार्टी पदाधिकारियों के साथ चर्चा की। बैठक में उन्होंने कार्यकर्ताओं को चुनावी तैयारियों में पूरी सक्रियता से जुटने और संगठन की मजबूती के आधार पर पार्टी का अभियान आगे बढ़ाने का आह्वान किया। बैठक को संबोधित करते हुए पंकज चौधरी ने कहा कि भाजपा प्रदेश की सभी 11 विधान परिषद सीटों पर कार्यकर्ताओं के दम पर जीत हासिल करने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि चुनाव में संगठन की भूमिका महत्वपूर्ण है। इसके लिए कार्यकर्ताओं को मतदाताओं से लगातार संपर्क बनाए रखना होगा और पार्टी की रणनीति के अनुरूप समन्वय के साथ काम करना होगा। उन्होंने जनप्रतिनिधियों और संगठन के पदाधिकारियों से चुनावी अभियान को गति देने पर जोर दिया। बैठक में स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में तैयारियों, मतदाताओं से संपर्क और संगठनात्मक समन्वय को लेकर चर्चा की गई। प्रदेश अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहकर चुनावी तैयारियों को आगे बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी चुनावी अभियान का प्रमुख आधार है। बैठक में चुनाव से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श करते हुए आगे की तैयारियों को लेकर दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में कैबिनेट मंत्री सुनील शर्मा, राज्य मंत्री नरेंद्र कश्यप, मंत्री केपी मलिक, सांसद अरुण गोविल, सांसद अतुल गर्ग, विधायक सोमेंद्र तोमर, सदर विधायक संजीव शर्मा और अजीत पाल त्यागी सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। इसके अलावा महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल, जिला अध्यक्ष चैन पाल सिंह, महापौर सुनीता दयाल, जिला पंचायत अध्यक्ष ममता त्यागी, क्षेत्रीय अध्यक्ष नवाब सिंह नागर, प्रदेश मंत्री बसंत त्यागी, हरीश ठाकुर, अशोक मोंगा और धर्मेंद्र भारद्वाज सहित पार्टी के अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। बैठक में सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से आपसी समन्वय के साथ चुनावी तैयारियों में जुटने तथा मतदाताओं के बीच लगातार संपर्क बनाए रखने का आह्वान किया गया।




