पानीगांव में शुरू हुआ 250 वर्ष पुराना तीन दिवसीय वायगीर मेला

72 घंटे तक गूंजेगी वायगीरों की थाली की आवाज
मथुरा। थाना जमुनापार क्षेत्र के पानीगांव में दशकों वर्षो से चला आ रहा बलदेव छठ का तीन दिवसीय वायगीर मेला आज से परम्परागत अनुसार शुरू हो गया है। जिसमें लगभग तीन दिनों तक गंगा मंदिर, हनुमान बगीची, और मदा अखाड़े पर थाली की आवाज दूर-दूर तक गुंजायमान होगी। जानकारी के अनुसार पानीगांव में लगने वाला बलदेव छठ का तीन दिवसीय वायगीर मेला परम्परागत अनुसार करीब 250 वर्षों से चला आ रहा है जिसमें वायगीरों द्वारा थाली की थाप पर रामायण का गायन करके कंठमाला, विषवेल का लगभग तीन दिनों तक पानीगांव में अलग-अलग तीन स्थानों पर निःशुल्क उपचार किया जाएगा। जबकि मेला के दूसरे दिन शुक्रवार को मंत्रों के माध्यम से झाड़ फूंक कर सर्पदंश के मरीजों को वायगीरों द्वारा पूर्व में लगाए गए अमर बंद खोले जाएंगे। वहीं प्राप्त जानकारी के अनुसार 250 वर्षों से पानीगांव में चले आ रहे बलदेव छठ के इस तीन दिवसीय वायगीर मेला में उत्तर प्रदेश के साथ-साथ हरियाणा, राजस्थान, मध्यप्रदेश और हिमाचल प्रदेश एवं उत्तराखंड तक के हजारों लोग वायगीरों से सर्पदंश, कंठमाला, विषवेल और जहरीले जीव जन्तुओं द्वारा काटे जाने पर निशुल्क उपचार कराने मेला में प्रत्येक वर्ष आते हैं। इस दौरान मेला में उपचार को आने वाले बाहरी लोगों के लिए भोजन की समुचित व्यवस्था पूर्व प्रधान और ग्रामीणों के सहयोग से भंण्डारा लगाकर की जाती है।



