कांवडिय़ों की बढ़ती भीड़ से पहले ट्रैफिक पुलिस का बड़ा एक्शन, मेरठ रोड के 20 कट बंद

गाजियाबाद। कांवड़ यात्रा के दौरान मेरठ रोड पर बढऩे वाले वाहनों के दबाव और शिवभक्तों की सुरक्षा को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने कमर कस ली है। कांवडिय़ों की संख्या लगातार बढऩे की संभावना के बीच मेरठ रोड पर यातायात को व्यवस्थित रखने के लिए कट बंद करने का अभियान शुरू कर दिया गया है। शनिवार को ट्रैफिक पुलिस ने मेरठ तिराहे से कादराबाद तक करीब 30 किलोमीटर के दायरे में 20 कट बंद करा दिए। रविवार को भी अभियान जारी रहेगा और यातायात की स्थिति को देखते हुए जरूरत पडऩे पर अन्य कटों को भी बंद किया जाएगा। कांवड़ यात्रा के दौरान मेरठ रोड पर शिवभक्तों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में सड़क के दोनों ओर से वाहनों की आवाजाही और राहगीरों के अनियंत्रित क्रॉस मूवमेंट से यातायात प्रभावित होने के साथ दुर्घटना का खतरा भी बढ़ जाता है। इसी को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने पहले से ही संवेदनशील कटों को बंद करने की रणनीति अपनाई है। अधिकारियों का कहना है कि कट बंद होने से कांवड़ मार्ग पर अनावश्यक क्रॉस मूवमेंट कम होगा और यातायात को निर्धारित दिशा में सुचारु रूप से संचालित करने में मदद मिलेगी। शनिवार को मेरठ तिराहे से कादराबाद तक करीब 30 किलोमीटर के क्षेत्र में अभियान चलाकर 20 कटों को बंद कराया गया। इनमें पटेल नगर कट, मनन धाम के पास का कट, दुहाई क्षेत्र और आईटीसी के समीप बने कट प्रमुख रूप से शामिल हैं। इसके अलावा मुरादनगर और मोदीनगर क्षेत्र में भी कई कट बंद कराए गए हैं। ट्रैफिक पुलिस की ओर से ऐसे स्थानों को प्राथमिकता दी जा रही है जहां से वाहनों और पैदल राहगीरों का सड़क पार करना कांवड़ मार्ग के यातायात को प्रभावित कर सकता है। पुलिस का मानना है कि कांवडिय़ों की संख्या बढऩे के साथ मेरठ से दिल्ली की ओर जाने वाली लेन पर यातायात दबाव भी बढ़ेगा। ऐसे में कटों को नियंत्रित करना यातायात प्रबंधन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार कांवड़ यात्रा के दौरान आने वाले दिनों में श्रद्धालुओं की संख्या में तेजी से इजाफा होगा। इसे देखते हुए यातायात व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है। शनिवार को बंद किए गए कटों के बाद रविवार को भी स्थिति का आकलन किया जाएगा और जहां आवश्यकता महसूस होगी, वहां अतिरिक्त कटों को भी बंद कराया जाएगा। कट बंद किए जाने के बाद यातायात को वैकल्पिक मार्गों से संचालित करने की व्यवस्था की जा रही है। पुलिस की कोशिश है कि मेरठ से दिल्ली की ओर जाने वाली लेन पर वाहनों की आवाजाही लगातार बनी रहे और कांवड़ मार्ग पर किसी प्रकार का अनावश्यक जाम न लगे। यातायात पुलिस मौके की स्थिति के अनुसार व्यवस्थाओं में बदलाव भी करेगी। अपर पुलिस उपायुक्त यातायात वरुण कुमार सिंह ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। कांवडिय़ों की बढ़ती संख्या और यातायात दबाव को देखते हुए चरणबद्ध तरीके से ट्रैफिक प्रबंधन लागू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आवश्यकता के अनुसार कट बंद करने के साथ यातायात को वैकल्पिक मार्गों से संचालित किया जाएगा। ट्रैफिक पुलिस का फोकस कांवड़ मार्ग पर वाहनों और पैदल यात्रियों के अनावश्यक क्रॉस मूवमेंट को रोकने पर है। इससे एक ओर जहां कांवडिय़ों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी, वहीं दूसरी ओर वाहनों के आवागमन को भी व्यवस्थित रखा जा सकेगा। अधिकारियों के मुताबिक यात्रा के दौरान परिस्थितियों के अनुसार लगातार निगरानी की जाएगी और जरूरत पडऩे पर यातायात व्यवस्था में तत्काल बदलाव किया जाएगा। कांवड़ यात्रा के चरम पर पहुंचने से पहले ट्रैफिक पुलिस की यह तैयारी मेरठ रोड पर यातायात दबाव को नियंत्रित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। पुलिस का प्रयास है कि शिवभक्तों की आस्था की यात्रा सुरक्षित और सुगम रहे, वहीं आम वाहन चालकों को भी अनावश्यक जाम और परेशानी का सामना न करना पड़े।



