मछली मण्डी के निर्माणाधीन गेट भर-भराकर गिरने से एक की मौत छह घायल

वेलकम इण्डिया/असदुल्लाह सिद्दीकी
तुलसियापुर/सिद्धार्थनगर।जनपद सिद्धार्थनगर के विकास खण्ड बढ़नी अन्तर्गत तुलसियापुर चौराहे के मधवापुर में निर्माणाधीन मछली मण्डी के गेट के अचानक गिर जाने से एक मजदूर की मलबे में दबकर मृत्यु हो जाना तथा 06 अन्य मजदूरों के घायल हो जाने का एक बड़ा हादसा प्रकाश में आया है। आपको बता दें कि लगभग 5.56 करोड़ रुपये की लागत से बन रही इस मछली मण्डी के गेट का इस प्रकार ढह जाना अनियमितताओं, भ्रष्टाचार तथा निम्न गुणवत्ता सम्बन्धी शिकायतों को सत्यापित करता है। गत 19 मई को अधिकारियों द्वारा मछली मण्डी निर्माण कार्य का निरीक्षण कर चुके थे, फिर भी क्षेत्र के स्थानीय नागरिकों द्वारा लगातार दी जा रही सूचनाओं को नजरअंदाज किया गया कि उक्त निर्माण कार्य में मानकों की घोर अनदेखी की जा रही है तथा गुणवत्ताहीन सामग्री का प्रयोग हो रहा है। यदि कार्य मानकों के अनुरूप होता तो बिना किसी आंधी-तूफान या प्राकृतिक आपदा के निर्माणाधीन गेट इस प्रकार भर-भराकर नहीं गिरता। बताया जा रहा है कि इतनी बड़ी दुर्घटना घटित होने के बाद भी लगभग दो से ढाई घंटे तक जिला प्रशासन या तहसील प्रशासन का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी घटनास्थल पर नहीं पहुंचा। एसडीएम शोहरतगढ़ एवं अन्य अधिकारी कहाँ थे? किसी भी जिम्मेदार अधिकारी का मौके पर न पहुंचना घोर लापरवाही को दर्शाता है। परिणाम स्वरूप एक मजदूर लम्बे समय तक मलबे में दबा रहा और समय पर उचित बचाव कार्य न होने के कारण उसकी मृत्यु हो गई। उक्त घटना जिला प्रशासन की घोर लापरवाही, अकर्मण्यता तथा संवेदनहीनता का प्रमाण है।



