बिजली के ढीले तारों से निकली चिंगारी से खेत में खड़ी गेहूं की फसल में लगी आग

बुलंदशहर.परवाना गांव में शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे बिजली के ढीले तारों से निकली चिंगारी ने खेत में खड़ी गेहूं की फसल को आग के हवाले कर दिया। हालांकि किसानों की तत्परता और सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया और आग को समय रहते काबू में कर लिया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गांव परवाना में बिजली के तार काफी ढीले थे। दोपहर के समय तार आपस में टकरा गए, जिससे चिंगारी निकली और पास के खेत में खड़ी गेहूं की फसल में आग लग गई। उस समय आसपास के कई किसान अपने-अपने खेतों में गेहूं की कटाई कर रहे थे। धुआं उठता देख किसानों ने तुरंत कटाई का काम छोड़ा और आग बुझाने के लिए मौके पर दौड़ पड़े।
किसानों ने बिना समय गंवाए ट्यूबवेल चालू कर खेत में पानी भरना शुरू किया। साथ ही बाल्टियों के माध्यम से पानी डालकर आग पर काबू पाने का प्रयास किया गया। कड़ी मशक्कत और सामूहिक प्रयास के बाद आग को फैलने से रोक लिया गया। आग खेत के बीच हिस्से में लगी थी, जिससे आसपास की फसल को भी खतरा पैदा हो गया था।
जिस खेत में आग लगी, उसके मालिक सोनू लोधी उस समय खाना खाने घर गए हुए थे। यदि किसानों ने तत्परता नहीं दिखाई होती तो आसपास के खेतों में खड़ी पकी हुई गेहूं की फसल भी जलकर राख हो सकती थी, जिससे भारी आर्थिक नुकसान होता।
मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि तारों पर पक्षी बैठे थे। उनके उड़ने के दौरान तारों के आपस में टकराने से चिंगारी निकली और सूखी फसल ने तुरंत आग पकड़ ली। पास के खेत में कटाई कर रहे अनिल लोधी ने बताया कि धुआं देखते ही उन्होंने अपनी मशीन बंद की और अन्य किसानों के साथ आग बुझाने में जुट गए।
हरेंद्र माहुर, डॉक्टर हरपाल सिंह लोधी, गजेंद्र लोधी, पवन लोधी, इंद्रजीत सिंह लोधी और राजेश उर्फ कलवा लोधी सहित कई किसानों ने मिलकर आग पर नियंत्रण पाया। हालांकि आग से गेहूं की कुछ फसल जल गई, लेकिन सामूहिक प्रयास से उसे पूरे खेत और आसपास के खेतों में फैलने से बचा लिया गया।
घटना के बाद ग्रामीणों ने बिजली विभाग से ढीले तारों को शीघ्र ठीक कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।



