ग्रामीण क्षेत्रों में पहुँचा शिक्षक की पाती अभियान, टीईटी के विरोध में शिक्षकों ने बड़ी संख्या में लिखे पोस्ट कार्ड
मथुरा। आरटीई लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर भी टीईटी लागू करने के निर्णय के विरोध में परिषदीय शिक्षकों ने बुधवार को भी राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री को पोस्टकार्ड भेज कर विरोध जताया। शिक्षक की पाती अभियान में ग्रामीण क्षेत्रों के शिक्षकों ने भी उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया और शिक्षकों पर से टीईटी की अनिवार्यता हटाने की मांग की।
अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (एआईजेटीएफ) के बैनर तले चलाए जा रहे अभियान के दौरान प्राथमिक शिक्षक संघ, विशिष्ट बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन, यूटा, एससीएसटी बेसिक शिक्षक संघ, उर्दू बीटीसी शिक्षक संघ समेत अन्य घटक संगठनों के पदाधिकारियों ने शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यालयों में शिक्षकों से पोस्टकार्ड लिखवा कर विरोध दर्ज करवाया। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष लोकेश गोस्वामी ने कहा कि शिक्षक पोस्टकार्ड को साथ अब ईमेल व सोशल मीडिया संदेशों के माध्यम से राष्ट्रपति, पीएम, नेता प्रतिपक्ष व सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से शिक्षा का अधिकार नियम लागू होने से पूर्व नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों पर से टीईटी की बाध्यता हटाने की मांग करेंगे। इस दौरान विशिष्ट बीटीसी एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रवीन्द्र चौधरी, यूटा जिलाध्यक्ष चन्द्रशेखर सिंह, जिला मंत्री विकास यादव, प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला मंत्री बलवीर सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरव यादव, उर्वशी त्रिपाठी, खुर्शीद अहमद, सुधीर सोलंकी, उपेन्द्र पांडेय, जितेन्द्र जोशी, अवधेश सारस्वत, हरीश शर्मा, जयपाल सिंह, कौशल किशोर गौतम, पुनेन्द्र बाबू, पवन शर्मा, जितेन्द्र वर्मा समेत अन्य शिक्षक संघ पदाधिकारी मौजूद रहे।



