बालाजी धाम अलीगंज में 4-5 मई को भव्य वार्षिकोत्सव

झंडी यात्रा, भव्य दरबार, हवन व विशाल भंडारे की तैयारियां अंतिम चरण में
लुकमान खान
पीलीभीत। जनपद में एक बार फिर आस्था, भक्ति और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। जिले के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल बालाजी धाम अलीगंज में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी 4 एवं 5 मई को दो दिवसीय भव्य वार्षिकोत्सव का आयोजन किया जाएगा। आयोजन को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं और भक्तों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। बालाजी धाम अलीगंज बीते कई वर्षों में न केवल जिले बल्कि आसपास के क्षेत्रों में भी एक प्रमुख धार्मिक पहचान बन चुका है। यहां प्रत्येक मंगलवार को लगने वाला बाबा का दरबार श्रद्धालुओं के लिए आस्था, सेवा और समस्याओं के समाधान का प्रमुख केंद्र माना जाता है। महंत दीपक शर्मा के सानिध्य में संचालित यह दरबार लगातार लोकप्रियता प्राप्त कर रहा है। उनके सरल स्वभाव, सेवा भावना और समर्पण के कारण बड़ी संख्या में श्रद्धालु उनसे जुड़ते जा रहे हैं। दरबार में हर वर्ग के लोग—बच्चे, महिलाएं, पुरुष और बुजुर्ग—अपनी श्रद्धा और मनोकामनाओं के साथ पहुंचते हैं। भक्तों का विश्वास है कि यहां आने से उनकी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, जिससे इस धाम की महिमा और भी बढ़ती जा रही है।दो दिवसीय वार्षिकोत्सव के कार्यक्रमों की रूपरेखा भी बेहद आकर्षक और धार्मिक उत्साह से परिपूर्ण है। 4 मई को दोपहर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन का आयोजन किया जाएगा, जिसके पश्चात विशाल भंडारे का आयोजन होगा। शाम के समय बाबा का भव्य और विशाल दरबार सजाया जाएगा, जिसमें श्रद्धालु बड़ी संख्या में शामिल होकर आशीर्वाद प्राप्त करेंगे। वहीं 5 मई को प्रातः 10 बजे गौहनिया चौराहे स्थित हनुमान मंदिर से भव्य झंडी यात्रा का शुभारंभ होगा। यह यात्रा विभिन्न मार्गों से होते हुए बालाजी धाम अलीगंज पहुंचेगी, जहां इसका समापन किया जाएगा। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं द्वारा पुष्प वर्षा कर स्वागत किया जाएगा, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठेगा। झंडी यात्रा के समापन के पश्चात बाबा की इच्छा तक विशाल भंडारा निरंतर चलता रहेगा, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु प्रसाद ग्रहण करेंगे। हर वर्ष की तरह इस बार भी जिले के अलावा दूर-दराज के जनपदों से भी बड़ी संख्या में भक्तों के पहुंचने की संभावना है।महंत दीपक शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि यह वार्षिकोत्सव केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भक्ति, प्रेम, सेवा और सामाजिक एकता का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि आयोजन स्थल पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पेयजल, सुरक्षा, बैठने की व्यवस्था एवं अन्य आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित किए जा रहे हैं।
पूरे आयोजन को लेकर क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल है और श्रद्धालु बेसब्री से इस भव्य कार्यक्रम का इंतजार कर रहे हैं। बालाजी धाम अलीगंज एक बार फिर भक्ति, आस्था और सामाजिक समरसता का केंद्र बनने जा रहा है।



