एनएसएस शिविर के सातवें दिन सेवा की मिसाल-लगभग 100 छात्र-छात्राओं ने निभाई सामाजिक जिम्मेदारी, वंचित परिवारों तक पहुंचाई मदद

गाजियाबाद। मोहन नगर स्थित आईटीएस एजुकेशन ग्रुप के स्नातक परिसर में आयोजित सात दिवसीय राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) शिविर के सातवें दिन सोमवार को समाज सेवा की प्रेरणादायक पहल देखने को मिली। शिविर के अंतर्गत स्वयंसेवकों ने वसुंधरा क्षेत्र में गरीब एवं वंचित बच्चों तथा उनके परिवारों को भोजन के पैकेट वितरित कर मानवीय संवेदनाओं का उदाहरण प्रस्तुत किया। 19 मार्च से प्रारंभ हुए इस शिविर का उद्देश्य विद्यार्थियों में सामाजिक उत्तरदायित्व, सेवा भावना और नेतृत्व क्षमता का विकास करना रहा। सातवें दिन आयोजित गतिविधि में विद्यार्थियों ने ‘आओ मिलकर भूख मिटाएं’ संदेश के साथ जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाई। स्वयंसेवकों ने पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ क्षेत्र में जाकर बच्चों को भोजन वितरित किया, जिससे उनके चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दी। संस्थान के चेयरमैन डॉ. आर.पी. चड्ढा एवं वाइस चेयरमैन अर्पित चड्ढा ने एनएसएस शिविर की सराहना करते हुए कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना विद्यार्थियों को श्रम, अनुशासन और समाज के प्रति जिम्मेदारी का पाठ सिखाती है। उन्होंने कहा कि एनएसएस से जुडऩे वाला प्रत्येक विद्यार्थी अपने व्यक्तित्व को निखारते हुए जीवन में उत्कृष्टता की ओर अग्रसर होता है। विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए उन्होंने कहा कि निरंतर प्रयास और सकारात्मक सोच से हर लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है। कार्यक्रम के संचालक डॉ. अमित शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि एनएसएस इकाई द्वारा सामाजिक जागरूकता एवं सेवा कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह के साथ जरूरतमंद बच्चों तक भोजन पहुंचाकर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाई है। स्नातक परिसर की प्राचार्या डॉ. नैंसी शर्मा ने कहा कि एनएसएस गतिविधियां छात्रों में सेवा भावना, संवेदनशीलता और सामाजिक चेतना विकसित करती हैं। उन्होंने प्रेरणादायक पंक्तियों के माध्यम से विद्यार्थियों को मेहनत और निरंतर प्रयास का संदेश देते हुए समाज में फैली बुराइयों को समाप्त करने के लिए सभी को एकजुट होकर कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि शिविर में सीखे गए मूल्यों को अपने जीवन में भी अपनाएं। उन्होंने राष्ट्रीय सेवा योजना को व्यक्तित्व विकास का सशक्त मंच बताते हुए कहा कि इसके माध्यम से छात्रों का चतुर्मुखी विकास होता है तथा उनमें सामाजिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ती है। कार्यक्रम में संस्थान के शिक्षक एवं कर्मचारीगण भी सक्रिय रूप से उपस्थित रहे। इस अवसर पर डॉ. नीरज कुमार जैन, डॉ. अनुभव श्रीवास्तव, विकास त्यागी, डॉ. संदीप गर्ग, प्रो. विकास कुमार, प्रो. आदिल खान, प्रो. प्रशांत त्यागी सहित बीबीए एवं बीसीए पाठ्यक्रमों के लगभग 100 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता करते हुए सेवा कार्यों में योगदान दिया। एनएसएस शिविर का यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए केवल एक सामाजिक कार्यक्रम नहीं बल्कि मानवीय मूल्यों को आत्मसात करने का अवसर साबित हुआ। कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि युवा शक्ति यदि समाज सेवा से जुड़ जाए तो सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में बड़े कदम उठाए जा सकते हैं।



