मेलबोर्न के अप्रवासी हिंदू सम्मेलन में महेंद्र प्रताप सिंह होंगे मुख्य अतिथि
-श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति आंदोलन को मिला वैश्विक समर्थन
मथुरा/वृंदावन। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति आंदोलन अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तेजी से विस्तार ले रहा है। पांच वर्ष पूर्व शुरू हुआ यह आंदोलन देश-विदेश में अपनी मजबूत पकड़ बना रहा है और अब इसके वैश्विक स्तर पर फैलने के संकेत मिल रहे हैं।
इसी क्रम में ब्राह्मण ऑस्ट्रेलिया महासभा के अध्यक्ष चंदर शर्मा ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि प्रकरण के हिंदू पक्षकार एवं श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह एडवोकेट को 20 जून को मेलबोर्न (ऑस्ट्रेलिया) में आयोजित अप्रवासी हिंदुओं के विराट सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया है।
ग्लोबल सनातन सेवा समिति के अध्यक्ष आजाद शर्मा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल वृंदावन पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल में राष्ट्रीय महामंत्री विजय प्रभाकर, सुनील प्रभाकर एवं अनूप कश्यप शामिल रहे। उन्होंने श्रीकृष्णा इंटरनेशनल होटल स्थित कैंप कार्यालय पर न्यास अध्यक्ष से भेंट कर ऑस्ट्रेलिया में चलाए गए हस्ताक्षर अभियान के दस्तावेज सौंपे। इस दौरान उनका स्वागत कर प्रतीक स्वरूप तलवार भी भेंट की गई।
न्यास अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि हस्ताक्षर अभियान के दस्तावेज देश के राष्ट्रपति को भेजे जाएंगे। उन्होंने कहा कि मूल गर्भगृह स्थल पर मंदिर निर्माण की मांग को लेकर वे मेलबोर्न सम्मेलन में अपनी बात रखेंगे।
उन्होंने आगे बताया कि आंदोलन को वैश्विक स्तर पर विस्तार देने के लिए स्पेन, ऑस्ट्रिया, बेल्जियम, जर्मनी, न्यूजीलैंड और कनाडा में भी इसी प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
प्रतिनिधिमंडल ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि पहुंचकर गर्भगृह स्थल का अवलोकन किया और वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। इसके बाद वृंदावन स्थित चिंतामणि कुंज में संतों से भेंट कर आंदोलन को गति देने की रणनीति पर चर्चा की।
महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति के लिए जल्द ही एक बड़ी यात्रा निकाली जाएगी, जिसकी रूपरेखा लगभग तैयार है और शीघ्र ही इसकी घोषणा की जाएगी।



