APK फाइल फ्रॉड का मास्टरमाइंड बिहार से गिरफ्तार, दिल्ली पुलिस ने किया बड़ा खुलासा।

एहसान अंसारी
नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की साइबर थाना/उत्तर-पश्चिम टीम ने APK फाइल आधारित साइबर फ्रॉड मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए मुख्य सरगना को बिहार के जमुई से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान 26 वर्षीय सचिन कुमार के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर e-SIM फ्रॉड के जरिए लोगों के बैंकिंग और फ्लिपकार्ट अकाउंट तक पहुंच बनाकर लाखों की ठगी करता था।
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने एक पीड़ित के क्रेडिट कार्ड से ₹3.99 लाख की ऑनलाइन खरीदारी कर ली थी। मामले में दर्ज e-FIR संख्या 61/26 की जांच के दौरान साइबर टीम ने तकनीकी निगरानी, OSINT और मनी ट्रेल की मदद से आरोपी तक पहुंच बनाई।
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी पहले पीड़ित के मोबाइल नंबर पर फर्जी e-SIM एक्टिव करवाता था। इसके बाद वह बैंकिंग सेवाओं और ऑनलाइन शॉपिंग अकाउंट्स की एक्सेस हासिल कर लेता था। आरोपी ने पीड़ित के फ्लिपकार्ट अकाउंट से मोबाइल फोन, एलईडी टीवी, एसी और वॉशिंग मशीन जैसे महंगे सामान खरीदे और उन्हें कम कीमत पर बेचकर ऐशो-आराम की जिंदगी जी रहा था।
दिल्ली पुलिस की टीम ने स्थानीय पुलिस की मदद से बिहार के जमुई में तड़के छापेमारी कर आरोपी को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से अपराध की रकम से खरीदे गए 02 मोबाइल फोन और 02 एलईडी टीवी बरामद किए गए हैं।
पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने ओपन सोर्स प्लेटफॉर्म से साइबर फ्रॉड की तकनीक सीखी थी। वह सामान की डिलीवरी अधूरे पतों या सड़क किनारे करवाता था ताकि पुलिस को भ्रमित किया जा सके।
इस कार्रवाई को इंस्पेक्टर दिनेश दहिया के नेतृत्व में एसआई सुनीत, एचसी राकेश और कांस्टेबल राहुल की टीम ने अंजाम दिया। पूरी कार्रवाई एसीपी साइबर सृष्टि भट्ट की निगरानी और डीसीपी आकांक्षा यादव के मार्गदर्शन में की गई।



