अवैध कॉलोनियों पर जीडीए का बुलडोजर, 78 बीघा क्षेत्र में चलाया ध्वस्तीकरण अभियान-सड़क, बाउंड्रीवाल और साइट कार्यालय सहित कई अवैध निर्माण ध्वस्त

गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने मुरादनगर क्षेत्र में अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 78 बीघा क्षेत्रफल में ध्वस्तीकरण अभियान चलाया। प्राधिकरण के उपाध्यक्ष के निर्देश पर प्रवर्तन जोन-2 की टीम ने शुक्रवार को सीकरी खुर्द और बिसोखर क्षेत्र में अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया। इस दौरान कॉलोनाइजरों द्वारा किए गए विरोध के बावजूद पुलिस बल की मौजूदगी में कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया गया। प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार विभिन्न मामलों में बिना स्वीकृत मानचित्र और स्वामित्व अभिलेख के बड़े पैमाने पर भूखंडीय विकास किया जा रहा था। सीकरी खुर्द, माता मंदिर रोड, मोदीनगर में खसरा संख्या 642 पर लगभग 28 हजार वर्ग मीटर भूमि पर अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी, जहां मिट्टी भराई, ईंट चिनाई और सड़कों के निर्माण का कार्य जारी था। इसी प्रकार हापुड़ रोड, मोदीनगर में खसरा संख्या 442 और 492 पर लगभग 25 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में भी अवैध रूप से कॉलोनी बसाने की तैयारी की जा रही थी।
इसके अलावा ग्राम बिसोखर, मोदीनगर में खसरा संख्या 335/2 सहित अन्य भूमि पर करीब 17 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में तथा सीकरी खुर्द क्षेत्र में ही खसरा संख्या 639 पर लगभग 6700 वर्ग मीटर भूमि में भी अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी। मौके पर निरीक्षण के दौरान संबंधित व्यक्तियों द्वारा कोई स्वीकृत मानचित्र या वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके, जिसके आधार पर जीडीए द्वारा चालानी कार्रवाई करते हुए ध्वस्तीकरण के आदेश लागू किए गए। प्राधिकरण की टीम ने कार्रवाई के दौरान कॉलोनाइजरों द्वारा बनाई गई सड़कें, बाउंड्रीवाल, साइट कार्यालय और अन्य अवैध संरचनाओं को बुलडोजर की मदद से ध्वस्त कर दिया। ध्वस्तीकरण के दौरान कॉलोनाइजर और निर्माणकर्ताओं ने विरोध भी किया, लेकिन पुलिस और प्रवर्तन दस्ते की मौजूदगी में अभियान को प्रभावी ढंग से पूरा किया गया। कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता, अवर अभियंता, प्रवर्तन जोन-2 का पूरा स्टाफ, प्राधिकरण पुलिस बल और प्रवर्तन दस्ता मौके पर मौजूद रहा। जीडीए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जनपद में अवैध कॉलोनियों और अनाधिकृत निर्माणों के खिलाफ अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा।

