सीनियर सिटीजन के घर लूट का प्रयास, विरोध करने पर पिता-पुत्र पर हमला

तमंचे की बट से मारकर किया घायल, फायरिंग करते हुए फरार हुए बदमाश अरुण मिश्रा वेलकम इंडिया गाजियाबाद
क्रॉसर: नहीं हो रही है सुनवाई, एफआईआर न होने से परिजनों में आक्रोश
गाज़ियाबाद। थाना कविनगर क्षेत्र के गोविंदपुरम में रविवार देर रात लूट के इरादे से घर में घुसे बदमाशों ने सीनियर सिटीजन और उनके पुत्र पर हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद बदमाश फायरिंग करते हुए मौके से फरार हो गए। इस मामले में पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि तीन दिन बीतने के बाद भी एफआईआर दर्ज नहीं होने का आरोप लगाया गया है। पीड़ित महेंद्र सिंह, जो सेंट्रल सिविल सर्विस के पी एंड टी अकाउंट एंड फाइनेंस विभाग से वर्ष 1981 बैच के रिटायर्ड कर्मचारी हैं, गोविंदपुरम ए-336 में अपने परिवार के साथ रहते हैं। रविवार रात करीब 11:55 बजे पांच अज्ञात बदमाश उनके घर में घुस आए। बताया जा रहा है कि बदमाश लूट की नीयत से आए थे और घर में घुसते ही सामान खंगालने लगे।
इसी दौरान महेंद्र सिंह के पुत्र सिद्धार्थ सिंह ने बदमाशों का विरोध किया। विरोध होते देख बदमाशों ने हिंसक रुख अपना लिया और तमंचे की बट से पिता-पुत्र पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। शोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग जुटने लगे, जिसके बाद बदमाश मौके से भागने लगे। बताया गया कि भागते समय बदमाशों ने फायरिंग भी की, जिससे इलाके में दहशत फैल गई। हालांकि इस दौरान कोई अन्य व्यक्ति घायल नहीं हुआ। बदमाश घर से एक चांदी की मूर्ति और कुछ नकदी लूटकर फरार हो गए।
घटना के बाद घायल सिद्धार्थ सिंह किसी तरह घर से बाहर निकले और शोर मचाकर आसपास के लोगों को सूचना दी। इसके बाद परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।
परिजनों का कहना है कि घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई थी, लेकिन अब तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। तीन दिन बीतने के बावजूद एफआईआर दर्ज न होने से परिवार में आक्रोश है। उनका आरोप है कि पुलिस मामले को गंभीरता से नहीं ले रही है। स्थानीय लोगों ने भी इस घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि इलाके में पहले भी चोरी और लूट की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन पुलिस की गश्त और निगरानी पर्याप्त नहीं है।
फिलहाल पीड़ित परिवार न्याय की मांग कर रहा है और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की जा रही है। वहीं, पुलिस की ओर से इस मामले में आधिकारिक बयान का इंतजार है।



